Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
भाग 2 · अध्याय 430

दीनहीन अनाथ की सेवा अवश्य करें।

10 सूत्र

पण्डित गोपालदास जी की पत्नी ने गोमटेश की भक्ति की और भाव विभोर हो बाहुबली भगवान को साष्टाङ्ग नमस्कार किया, आधा घण्टा तक लेटी रही, पण्डितजी ने समझा शायद बेहोश हो गयी, ठण्डा पानी मँगाकर चेहरे पर छींटे मारे, वैसी ही रही, दुबारा अधिक पानी डाला, जल्दीं उठी और बोली! क्या होली मचा रखी है, मुझे आनन्द से दर्शन भी नहीं करने देते, पण्डितजी को लगा कि काँटों में भी फूल होते हैं, कठोर हृदय में भी कहीं-कहीं मृदुता छिपी होती है।
भक्ति
सन्तोषी- पण्डित गोपालदास जी धर्म प्रचार के लिये जाते थे, तो समाज से भेंट या परिश्रम नहीं लेते थे, मात्र मार्ग व्यय लेते थे, उसमें भी ज्यादा आ जाता तो मनि ऑर्डर से वापस कर देते थे।
संतोष
एक ट्रक में आठ गाय भैंस से ज्यादा नहीं जायेगी, ये कानून है।
अहिंसा
ट्रक जिस दिशा में जा रहा हो तो पशु का मुख भी उसी दिशा में होना चाहिए।
अहिंसा
आठ राज्यों में गो हत्या बन्द है, कसाईयों ने अपील की तो नौ जजों ने बैठकर निर्णय लिया चौदह वर्ष से छोटा पशु न काटा जाय।
अहिंसा
फसल में गो मूत्र के छिड़काव से जीव मरते नहीं, भाग जाते हैं, फसल अच्छी होती है, फलों पर गोमूत्र का छिड़काव करने से फल औषधि युक्त हो जाते हैं, गोमूत्र में एक सौ आठ औषधियां हैं, गोमूत्र के सेवन से अनेक रोग शान्त होते हैं।
स्वास्थ्य
गाय एक वर्ष में तीन हजार रुपए का घास खाती है, बीस हजार रुपए का सिर्फ गोबर देती है।
प्रकृति
माँ के दो स्तन होते हैं गाय के चार, दो बछड़े के लिए और दो पालक के लिए होते हैं।
प्रकृति
माँ बच्चे को दूध पिलाती है, स्तन मुख में कान हृदय में होता है, बालक हृदय से संस्कार लेता है।
परिवार
नेपाल में गाय राष्ट्रीय पशु है, उसको मारने पर फाँसी की सजा होती है।
अहिंसा