Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
भक्ति

जहाज किसी भी दिशा में क्यों न जाय, कम्पास की सुई उत्तर दिशा ही दिखाती है, इस कारण जहाज को दिशाभ्रम नहीं होता। इसी प्रकार मनुष्य का मन यदि भगवान् की ओर रहे तो फिर उसे कोई डर नहीं रहेगा।

No matter which direction a ship goes, the compass needle points only north, so the ship does not lose its way. Likewise, if a person's mind stays turned toward God, then no fear will remain for him.

— आराध्य सूत्र · #914

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हे जिनेन्द्र भगवान्! हे देवों के देव! बाल्यावस्था से आज तक आपके श्रीचरणों की सेवा में आसक्त शिष्यों को कल्पलता सम सेवा से जो काल व्यतीत हुआ है, आज उस सेवा का वह फल आपसे चाहता हूँ कि प्राणों के निकलते समय आपके नाम से सहित अक्षरों के पढ़ने में मेरा गला कुण्ठित न हो।
भक्ति