Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
क्षमा

कषाय जितनी तीव्र होती है व्यक्ति उतने जल्दी विचलित होता है।

The more intense the passions, the sooner a person is thrown off balance.

— आराध्य सूत्र · #57

इसी विषय के और सूत्र

सभी क्षमा →
कोई भी प्राणी तुम्हारे द्वारा तिरस्कार के योग्य नहीं है, ये तो सब स्वतन्त्र पदार्थ हैं, इनसे तेरा सम्बन्ध क्या है? अपने क्रोध–मान–माया–लोभ का तिरस्कार तेजी से करो, इन्हीं कषायों ने तुझे भटका रखा है और दुःखी कर रखा है।
क्षमा