Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
चरित्र

विद्या विवादाय धनं मदाय, शक्तिपरेषां परिपीडनाय। खलस्य साधो: विपरीतमेतत्, ज्ञानाय दानाय च रक्षणाय।।

दुर्जन की विद्या विवाद के लिए होती है, सज्जन की विद्या अज्ञान दूर करने के लिए होती है, दुर्जन का धन अहङ्कार के लिए होता है, सज्जन का धन दान के लिए होता है, दुर्जन की शक्ति दूसरों को परेशान करने के लिए होती है, सज्जन की शक्ति जीवों की रक्षा के लिए होती है।

The wicked man's learning serves dispute, the good man's learning dispels ignorance; the wicked man's wealth feeds pride, the good man's wealth serves charity; the wicked man's power torments others, the good man's power protects all beings.

— आराध्य सूत्र · #32

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