भली प्रकार प्रयुक्त की गई गौ (वाणी) विद्वानों ने कामनापूर्ण करने वाली कामधेनु कहा है किन्तु वही वाणी दुष्प्रयुक्त होने पर वक्ता में गोत्व (मूर्खता) को सूचित करती है।
Well-used speech (the 'cow') is called by scholars the wish-fulfilling Kamadhenu, yet the same speech, when misused, reveals the speaker's dullness.
— आराध्य सूत्र · #6514
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