Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
समय

द्रव्यपरावर्तन- लवणसमुद्र का विस्तार दो लाख योजन है, उसमें पूर्व दिशा से जुँआरी और पश्चिम से सेल डाला जाए, लहराते-लहराते जब सेल जुँआरी के छेद में घुस जाये, उतने काल को द्रव्य परावर्तन कहते हैं।

Substance-revolution: the Lavana ocean is two lakh yojanas wide; if a yoke is dropped from the east and a peg from the west, and by the tossing of the waves the peg at last enters the hole of the yoke—that span of time is called a substance-revolution.

— आराध्य सूत्र · #31

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जीवन आज और अभी है, उसे कभी अतीत या भविष्य में न देखें, जिसने जीवन को अतीत या भविष्य में देखा उसने जीवन को जाना ही नहीं। हमेशा ध्यान रखें कि जो सामने है वही सच है। उसके बाद जो कुछ भी है वह सिर्फ संभावना है।
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