Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
दान

पहले लोग सोचते थे कोई आवे तो हम खावें, अब सोचते हैं ये जावें तो हम खावें, यही संस्कृति में विकृति है।

Formerly people thought, 'Let a guest come, then we shall eat'; now they think, 'Let them leave, then we shall eat' — this is the corruption of culture.

— आराध्य सूत्र · #7

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परोपकार में सर्वदा संलग्न रहने वाला सज्जन व्यक्ति विनाश के अवसर पर भी विनाश करने वाले से भी शत्रु भाव नहीं रखता है जैसे चन्दन का वृक्ष काटने वाले कुल्हाड़े का भी मुख सुगन्धित कर देता है।
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