Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
विनम्रता

कलिकाल में कामदेव का साम्राज्य रहता है, कब कहाँ किसका मन विकृत होकर ब्रह्मचर्य को दूषित कर दे इसका कोई ठिकाना नहीं है, अतः जाति कुल का अभिमान व्यर्थ है।

In this dark age the god of desire holds sway; there is no telling when, where or whose mind may become corrupted and defile celibacy—so pride in caste and lineage is futile.

— आराध्य सूत्र · #3

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जीवन जीने का आनंद संघर्ष में नहीं समर्पण से मिलता हैं जैसे विभीषण ने संघर्ष नहीं समर्पण किया, तो राम ने उसको लंका का राजा बना दिया, रावण ने संघर्ष किया तो मिट्टी में मिला दिया।
विनम्रता