Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
दान

उपकारी निज को तभी, माने धन से हीन। याचक जब ही लौटते, होकर आशा हीन।।

The benefactor counts himself poor only then, when a beggar turns back deprived of his hope.

— आराध्य सूत्र · #8

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परोपकार में सर्वदा संलग्न रहने वाला सज्जन व्यक्ति विनाश के अवसर पर भी विनाश करने वाले से भी शत्रु भाव नहीं रखता है जैसे चन्दन का वृक्ष काटने वाले कुल्हाड़े का भी मुख सुगन्धित कर देता है।
दान