Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
संयम

असावधानी विनाश को शीघ्र ही बुलाती है, सचेत रहो, सावधानी रखो, जीवन महल के किसी भी दरवाजे से काम-क्रोध रूपी किसी भी चोर को अंदर न घुसने दो और सावधानी के साथ जो पहले से घुसे बैठे हों, उन्हें दृढ़ता और शूरता के साथ निकालने की प्राणपन से चेष्टा करते रहो, सावधानी ही साधना है।

Carelessness quickly invites ruin; stay alert and cautious, let no thief of lust or anger enter through any door of the palace of life, and strive with all your might, firmness and valour to drive out those already lodged within — vigilance itself is spiritual practice.

— आराध्य सूत्र · #2053

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मनुष्य का शरीर रथ है, बुद्धि सारथी है और इन्द्रियाँ इसके घोड़े हैं। इसको वश में करके साधना करने वाला चतुर एवं धीर पुरुष काबू में किए हुए घोड़ों से सारथी की भाँति सुखपूर्वक यात्रा करता है।
संयम