Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
संयम

साधक को चाहिए कि वह अपने को कभी भोगी या संसारी व्यक्ति न समझे, उसमें सदा यह जागृति रहनी चाहिए कि ''मैं साधक हूँ''।

A seeker should never regard himself as an indulger or a worldly person; he must always keep alive the awareness, 'I am a seeker.'

— आराध्य सूत्र · #1511

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मनुष्य का शरीर रथ है, बुद्धि सारथी है और इन्द्रियाँ इसके घोड़े हैं। इसको वश में करके साधना करने वाला चतुर एवं धीर पुरुष काबू में किए हुए घोड़ों से सारथी की भाँति सुखपूर्वक यात्रा करता है।
संयम