Jain Quotes

जैन जीवन-पद्धति सूत्र
धर्म

जिस प्रकार निर्गन्ध पुष्प, दन्तहीन मुख और सत्यहीन वचन शोभायमान नहीं होता उसी प्रकार धर्म शून्य मानव भी शोभायमान नहीं होता है।

As a scentless flower, a toothless mouth and untruthful speech do not shine, so too a human devoid of dharma does not shine.

— आराध्य सूत्र · #6238

इसी विषय के और सूत्र

सभी धर्म →